पद

27. धनु गोपाल बिहारी प्रगट भए

Dhanu gopal bihari pragat bhae

अक्षर का आकार

धनु गोपाल बिहारी प्रगट भए

एक दिंनन मन भाव उपजायो
हम भी होवें पुजारी गिरधर
हम भी होवें पुजारी पुजारी
धनु गोपाल बिहारी प्रगट भए

शिवेंन भाव से गिरधर ध्यावत
गृह आओ गिरधारी हो sss
गृह आओ गिरधारी गिरधारी
धनु गोपाल बिहारी प्रगट भए

निर्मल चित हुआ जब जाके
आये मदनमुरारी हो ssss
आये मदनमुरारी मुरारी
धनु गोपाल बिहारी प्रगट भए

त्रेता माहीं यह रघुवर हैं
द्वापर में बनवारी वारी
जानकीशरण दोउ ध्यावे
दोउ चित में धारी धारी
धनु गोपाल बिहारी प्रगट भए